85.03 लाख रुपये के नगद उपहार मामले में आईटीएटी से राहत
चेन्नई के एक व्यक्ति को रिश्तेदारों से 85.03 लाख रुपये नगद उपहार मिले, जिन्हें उसने उपहार विलेख के जरिये औपचारिक रूप देकर बैंक खाते में जमा किया। आयकर विभाग ने नोटिस भेजे। देने वालों में पत्नी, चाचा, मामा और बहन के पति शामिल थे। विभाग ने रकम को अस्पष्टीकृत माना और अपील आयुक्त ने जोड़ को बरकरार रखा। आईटीएटी चेन्नई ने राहत देते हुए कहा कि दानकर्ताओं की पहचान और लेनदेन की सत्यता पर विवाद न हो तो केवल संदेह पर जोड़ टिक नहीं सकता।